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वित्तीय वर्ष 2024-2025

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भारतीय निवासियों को किए गए भुगतान की प्रकृति निश्चित सीमा (रुपए में) कंपनी / फर्म / सहकारी समिति / स्थानीय प्राधिकरण व्यक्तिगत / हिंदू अविभाजित परिवार (HUF) वैध पैन या / पैन न होने पर
अनुभाग-वर्णन आयकर दर (%) आयकर दर (%) आयकर दर (%)
192 ए-एक कर्मचारी को संचित शेष राशि का भुगतान (01.06.2015 से प्रभावी) 50,000- 1030
193-प्रतिभूतियों पर ब्याज 10,00010 10 20
194-लाभांश5,000101020
194 ए-प्रतिभूतियों पर ब्याज के अतिरिक्त अन्य ब्याज - किसी भी अन्य स्थिति मे 5,000101020
194 ए-बैंकिंग/डाकघर के व्यवसाय में प्रवृत्त बैंक / सहकारी समिति 40,000101020
194 ए-वरिष्ठ नागरिक50,000 -1020
194 बी-लॉटरी या वर्ग पहेली आदि से जीत10,000 303030
194 बी परंतुक-लॉटरी या क्रॉसवर्ड पहेली आदि से जीत। जहां विचरण या नकद कर देयता को पूरा करने के लिए पर्याप्त नहीं है और ऐसी जीत जारी करने से पहले कर का भुगतान किया गया है (1 जुलाई 2022 से प्रभावी)10,000 303030
194 बी ए-ऑनलाइन गेम से जीत (01-अप्रैल-2023 से प्रभावी) - 303030
धारा 194 बी ए की उप-धारा (2) - ऑनलाइन गेम से शुद्ध जीत जहाँ शुद्ध जीत वस्तु के रूप में की जाती है या नकद कर देयता को पूरा करने के लिए पर्याप्त नहीं है और इस तरह की शुद्ध जीत जारी होने से पहले कर का भुगतान किया गया है
(01-04-2023 से प्रभावी)
- 303030
194 बी बी-घुड़दौड़ से हुई जीत10,000 303030
194 सी-ठेकेदारों को भुगतान1,00,0002120
194आई सी-निर्दिष्ट अनुबंध के तहत भुगतान -101020
194 डी-बीमा कमीशन15,00010520
194 डी ए-जीवन बीमा पॉलिसी के संबंध में भुगतान (01.10.2014 से प्रभावी)1,00,0005 (30 सितंबर 2024 तक)
2 (1 अक्टूबर 2024 से प्रभावी)
5 (30 सितंबर 2024 तक)
2 (1 अक्टूबर 2024 से प्रभावी)
20
194 ई-प्रवासी खिलाड़ियों या खेल संघ (समिति) को भुगतान- 202020
194 ई ई-एनएसएस के तहत जमा राशि का भुगतान 2,500 101020
194 एफ-म्यूच्युअल फंड द्वारा इकाइयों (units) की पुन:खरीद- 20 (30 सितंबर 2024 तक)20 (30 सितंबर 2024 तक) 20
194 जी - कमीशन - लॉटरी15,0005 (30 सितंबर 2024 तक)
2 (1 अक्टूबर 2024 से प्रभावी)
5 (30 सितंबर 2024 तक)
2 (1 अक्टूबर 2024 से प्रभावी)
20
194 एच - कमीशन / दलाली (ब्रोकरेज) 15,000 5 (30 सितंबर 2024 तक)
2 (1 अक्टूबर 2024 से प्रभावी)
5 (30 सितंबर 2024 तक)
2 (1 अक्टूबर 2024 से प्रभावी)
20
194 आइ - किराया
194 आइ (बी) I (b) - भूमि और भवन/फर्नीचर/फिटिंग
2,40,000 10 10 20
194 आइ (ए) I(a) संयंत्र (plant) /मशीनरी/उपकरण 2,40,000 2 2 20
194 आइ ए IA-कृषि भूमि के अतिरिक्त कोई भी अचल संपत्ति का हस्तांतरण (1-6-2013 से प्रभावी) 50,00,000 1 1 20
194 जे- व्यावसायिक/तकनीकी सेवाओं के लिए शुल्क 30,000 10-अन्य

2-तकनीकी सेवाओं के लिए शुल्क (व्यावसायिक सेवा न होने के स्थिति में), बिक्री पर रॉयल्टी, छायांकन फिल्मों का वितरण या प्रदर्शनी और कॉल सेंटर
10-अन्य

2-तकनीकी सेवाओं के लिए शुल्क (व्यावसायिक सेवा न होने के स्थिति में), बिक्री पर रॉयल्टी, छायांकन फिल्मों का वितरण या प्रदर्शनी और कॉल सेंटर
20
194 के-म्युचुअल फंड द्वारा लाभांश का भुगतान (01.04.2020 से प्रभावी) 5,000 10 10 20
194 एल ए - अचल संपत्ति2,50,000101020
194 एल बी - अवसंरचना (इंफ्रास्ट्रक्चर) ऋण निधि से ब्याज के रूप में आय (अप्रवासी)-5520
194 एल बी ए - एक व्यापार संघ की इकाइयों (निवासी) से प्राप्त कु्छ आय
194 एल बी ए (ए) (a) - एक व्यापार संघ की इकाइयों से आवासीय इकाई धारक को ब्याज के रूप में हुई कुछ आय - 10 1020
194 एल बी ए (बी) - एक निवासी इकाई धारक को एक व्यापार ट्रस्ट की इकाइयों से लाभांश रूप में आय - 10 1020
194 एल बी ए-एक व्यापार संघ की इकाइयों से अनिवासी को निश्चित आय :-
194 एल बी ए (1) - धारा 10 (23एफसी) (ए) में निर्दिष्ट प्रकृति का भुगतान - 5 520
194 एल बी ए (2) - धारा 10 (23एफसी) (बी) में निर्दिष्ट प्रकृति का भुगतान - 10 1020
194 एल बी ए (3) - यूनिट धारकों को व्यापारिक संघ द्वारा धारा 10 (23एफसीए) में संदर्भित प्रकृति का भुगतान - 40%-प्रवासी कंपनियों के लिए

30%-कंपनियों के अलावा अन्य प्रावासियों के लिए
30 30/40
194 एल बी बी - निवेश निधि की इकाइयों के संबंध में आय - 10%-भारतीय निवासियों के लिए

40%-प्रवासी कंपनी के लिए

30%-कंपनियों के अलावा अन्य प्रवासियों के लिए
10%-भारतीय निवासियों के लिए

30%--्रवासियों के लिए
20/30/40
194 एल बी सी-प्रतिभूतिकरण ट्रस्ट में निवेश के संबंध में आय- 30%-भारतीय निवासियों के लिए

40%-प्रवासी कंपनी के लिए

30%-कंपनियों के अलावा अन्य प्रवासियों के लिए
25%-भारतीय निवासियों के लिए

30%-प्रवासियों के लिए
25/30/40
194 एल सी - किसी भारतीय निर्दिष्ट कंपनी द्वारा एक प्रवासी/विदेशी कंपनी को भारत के बाहर से विदेशी मुद्रा पर स्वीकृत ऋण/दीर्घकालिक बुनियादी ढांचा के बांड के माध्यम से ब्याज पर आय (1.07.2012 से प्रभावी) - 5 या 4* या 9**
* ऐसे मामले में जहां आईएफएससी में स्थित मान्यता प्राप्त स्टॉक एक्सचेंज पर सूचीबद्ध दीर्घकालिक बांड या रुपये में अंकित बांड के संबंध में ब्याज देय है
** 1 जुलाई, 2023 को या उसके बाद किसी दीर्घकालिक बांड या रुपये में अंकित बांड जारी करके भारत के बाहर किसी स्रोत से उधार ली गई धनराशि के संबंध में, जो केवल आईएफएससी में स्थित मान्यता प्राप्त स्टॉक एक्सचेंज पर सूचीबद्ध है।
5 या 4* या 9**
* ऐसे मामले में जहां आइ एफ एस सी में स्थित मान्यता प्राप्त स्टॉक एक्सचेंज पर सूचीबद्ध दीर्घकालिक बांड या रुपये में अंकित बांड के संबंध में ब्याज देय है
** 1 जुलाई, 2023 को या उसके बाद किसी दीर्घकालिक बांड या रुपये में अंकित बांड जारी करके भारत के बाहर किसी स्रोत से उधार ली गई धनराशि के संबंध में, जो केवल आईएफएससी में स्थित मान्यता प्राप्त स्टॉक एक्सचेंज पर सूचीबद्ध है।
20
194 एल डी - निश्चित बांड और सरकारी प्रतिभूतियों पर ब्याज (01.06.2013 से प्रभावी)-5520
194 एन - एक निश्चित राशि का नकद भुगतान1 करोड़ से अधिक आहरण 2 2 20
194 एन सी - पहले परंतुक के अंतर्गत न आने वाली सहकारी समितियों को कुछ राशियों का नकद भुगतान सहकारी समिति के लिए रुपये 3 करोड़ से अधिक की निकासी 2 2 20
194 एन एफ--गैर-फाइलर्स को नकद में निश्चित राशि का भुगतान 1. निकासी 20 लाख से अधिक लेकिन 1 करोड़ से अधिक नहीं है

2. निकासी 1 करोड़ से अधिक है
2% - निकासी 20 लाख से अधिक लेकिन 1 करोड़ से अधिक नहीं है.

5%-निकासी 1 करोड़ से अधिक है
2% - निकासी 20 लाख से अधिक लेकिन 1 करोड़ से अधिक नहीं है.

5% - निकासी 1 करोड़ से अधिक है
20
194 एन एफ टी-सहकारी समितियां होने के नाते रिटर्न दाखिल नहीं करने वालों को नकद में कुछ राशि का भुगतान1. निकासी 20 लाख से अधिक लेकिन 3 करोड़ से अधिक नहीं है

2. 3 करोड़ से अधिक है
2% - निकासी 20 लाख से अधिक लेकिन 3 करोड़ से अधिक नहीं है

5% - 3 करोड़ से अधिक
2% - निकासी 20 लाख से अधिक लेकिन 1 करोड़ से अधिक नहीं है.

5% - निकासी 1 करोड़ से अधिक है
20
194 ओ - ई-कॉमर्स प्रतिभागियों पर टीडीएस (01.10.2020 से प्रभावी)500000 व्यक्तिगत / (एचयूएफ) 1 (30 सितंबर 2024 तक)
0.1 (1 अक्टूबर 2024 से प्रभावी)
1 (30 सितंबर 2024 तक)
0.1 (1 अक्टूबर 2024 से प्रभावी)
5
194 पी - निर्दिष्ट वरिष्ठ नागरिक के स्थिति में टीडीएस-प्रभावी नहीं प्रचलित दर
194 क्यू - 50 लाख रुपये से अधिक के सामान की खरीद पर टीडीएस (01-जुलाई-2021 से प्रभावी)रुपये 50 लाख से अधिक 0.10.15
194 आर - किसी भी लाभ या अतिरिक्त उपार्जन (व्यवसाय से उत्पन्न होने या किसी पेशे के प्रयोग) में प्रदत्त टीडीएस (1 जुलाई 2022 से प्रभावी)20000101020
धारा 194 आर की उपधारा (1) का पहला परंतुक - यदि व्यवसाय या पेशे का कोई लाभ या पुरस्कार जहां ऐसा लाभ प्रदान किया जाता है या जहां नकद में हिस्सा कर देयता को पूरा करने के लिए पर्याप्त नहीं है और इस तरह के लाभ को जारी करने से पहले आवश्यक कर कटौती (1 जुलाई 2022 से प्रभावी)20000101020
194 एस - वर्चुअल डिजिटल एसेट के हस्तांतरण पर भुगतान पर टीडीएस (1 जुलाई 2022 से प्रभावी)100001120
धारा 194 एस की उप-धारा (1) के परंतुक - वर्चुअल डिजिटल ऐसेट्स के हस्तांतरण के लिए भुगतान पर टीडीएस जहां भुगतान प्रकार में या किसी अन्य वर्चुअल डिजिटल ऐसेट् के बदले में है और इस तरह के भुगतान को जारी करने से पहले आवश्यक कर की कटौती हुई है (1 जुलाई 2022 से प्रभावी)100001120
195 - अन्य राशि -औसत दरें- 20/30/40
196 ए - म्यूचुअल फंड की विदेशी कंपनी इकाई धारक -*20% या अनुबंध में प्रदान की गई दर, जो भी कम हो
* कंपनी की स्थिति में लागू नहीं
20% या अनुबंध में प्रदान की गई दर, जो भी कम हो20
196 बी - इकाइयों से आय -10 (22 जुलाई 2024 तक)
12.5 (23 जुलाई 2024 से आगे)
10 (22 जुलाई 2024 तक)
12.5 (23 जुलाई 2024 से आगे)
20
196 सी - विदेशी मुद्रा बांड या जीडीआर से आय (ऐसे बांडों के हस्तांतरण पर दीर्घकालिक पूंजी लाभों सहित) (लाभांश नहीं होने पर) -10 (22 जुलाई 2024 तक)
12.5 (23 जुलाई 2024 से आगे)
10 (22 जुलाई 2024 तक)
12.5 (23 जुलाई 2024 से आगे)
20
196 डी - उप-धारा (1) के तहत प्रतिभूतियों से विदेशी संस्थागत निवेशकों की आय :-
196 डी - उप-धारा (1) के तहत प्रतिभूतियों से विदेशी संस्थागत निवेशकों की आय-2020 20
196 डी ए - धारा 115 ए डी की उप-अनुभाग (1) के खंड (ए) में संदर्भित (धारा 194 एल डी में संदर्भित ब्याज आय के अतिरिक्त) प्रतिभूतियों से निर्दिष्ट निधि की आय -1010 20
194आईबी - कुछ व्यक्तियों या हिंदू अविभाजित परिवार द्वारा किराए का भुगतान 500005 (30 सितंबर 2024 तक))
2 (1 अक्टूबर 2024 से)
5 (30 सितंबर 2024 तक)
2 (1 अक्टूबर 2024 से)
20
194एम - कुछ व्यक्तियों या हिंदू अविभाजित परिवार द्वारा कुछ रकम का भुगतान 50000005 (30 सितंबर 2024 तक)
2 ( 1 अक्टूबर 2024 से)
5( 30 सितंबर 2024 तक)
2 (1 अक्टूबर 2024 से)
20


ध्यान दें :-
1 धारा-206 ए ए आयकर अधिनियम-1961 के किन्हीं अन्य प्रावधानों में निहित, कोई भी व्यक्ति किसी भी राशि या आय या राशि प्राप्त करने का हकदार, जिस पर अध्याय XVIIB के तहत कर कटौती योग्य है (डिडक्टी के रूप में संदर्भित) , ऐसे कर को काटने के लिए जिम्मेदार व्यक्ति (अर्थात कटौतीकर्ता) को अपना स्थायी खाता संख्या (PAN) प्रस्तुत करेगा, जिसमें विफल होने पर कर निम्नलिखित दरों में से उच्च पर कटौती की जाएगी, जैसे कि--
(i) इस अधिनियम से संबद्ध प्रावधान में निर्दिष्ट दर पर; या
(ii) प्रभावी दरों पर,
(iii)20% प्रतिशत की दर से
जहां धारा 194-ओ के अधीन कर काटे जाने की आवश्यकता है, खंड (iii) के प्रावधान ऐसे प्रभावी होंगे जैसे कि 'बीस प्रतिशत' शब्दों के स्थान पर "पांच प्रतिशत" शब्द प्रतिस्थापित किया गया हो।.
यह भी प्रावधान किया गया है कि जहाँ धारा 194 क्यू के तहत कर में कटौती की आवश्यकता है, खंड (iii) के प्रावधान इस तरह प्रभावी होंगे जैसे कि "बीस प्रतिशत" शब्दों के लिए, "पांच प्रतिशत" शब्द प्रतिस्थापित किए गए थे।
2 धारा - 206 ए बी आयकर अधिनियम-1961 के किन्हीं अन्य प्रावधानों में निहित, जहाँ किसी व्यक्ति द्वारा किसी निर्दिष्ट व्यक्ति को भुगतान की गई किसी भी राशि या आय या रकम, या देय या जमा किए गए, के अलावा धारा 192, 192 ए, 194 बी,194 बी ए, 194 बी बी,194 एल बी सी या 194 एन के प्रावधानों के अतिरिक्त, अध्याय XVIIB के प्रावधानों के तहत स्रोत पर कर की कटौती की आवश्यकता है, कर निम्नलिखित दरों में से उच्चतार पर काटा जाएगा, जैसे कि-:-
(i) अधिनियम के प्रासंगिक प्रावधान में निर्दिष्ट दर से दोगुनी दर पर; या
(ii) दोगुने दर या प्रभावी दरों पर; या
(iii) 5% प्रतिशत की दर से
यदि धारा 206 ए ए के प्रावधान किसी निर्दिष्ट व्यक्ति पर प्रभावी होते हैं, तो इस अनुभाग के प्रावधान के अतिरिक्त, इस अनुभाग और धारा 206 ए ए में प्रदान की गई दो दरों से अधिक पर कर की कटौती की जाएगी।
इस खंड के प्रयोजनों के लिए "निर्दिष्ट व्यक्ति" का अर्थ उस व्यक्ति से है जिसने पिछले दो वर्षों से संबंधित दो आकलन वर्षों के लिए आयकर विवरणी दाखिल नहीं की है, पिछले वर्ष से ठीक पहले जिसमें कर काटा जाना आवश्यक है, के लिए धारा 139 की उप-धारा (1) के तहत आयकर विवरण दाखिल करने की समय सीमा समाप्त हो गई है; और उस स्थिति में स्रोत पर काटे गए कर और स्रोत पर एकत्रित कर का योग इन दोनों में से प्रत्येक पिछले दो वर्षों में पचास हजार रुपये या उससे अधिक है
बशर्ते कि निर्दिष्ट व्यक्ति में एक प्रवासी शामिल नहीं होगा जिसका भारत में स्थायी प्रतिष्ठान नहीं है।